अग्निदेव और देवी दुर्गा की पूजा करना माना जाता है शुभ
उत्तर भारत में लोहड़ी का त्योहार धूमधाम से मनाया जाता है। लोहड़ी के बाद मौसम में बदलाव देखा जाता है। रात के समय लोग लोहड़ी की अग्नि जलाते हैं और उसकी पूजा करते हैं। खास तौर पर पंजाब में नवविवाहित जोड़ों और शिशु की पहली लोहड़ी धूमधाम से मनाई जाती है। वास्तु के अनुसार इस खास दिन पर जब अग्निदेव और देवी दुर्गा की पूजा करने के साथ लोहड़ी जलाते समय कुछ उपाय करने से दुर्भाग्य दूर होकर सौभाग्य मिलता है। आज हम आपको उन उपायों के बारे में बता रहे हैं. जिनके करने से आप के जीनव के कष्ट दूर हो सकते हैं और आप का जीवन खुशियों सो भर जाएगा।
उत्तर भारत में लोहड़ी का त्योहार धूमधाम से मनाया जाता है। लोहड़ी के बाद मौसम में बदलाव देखा जाता है। रात के समय लोग लोहड़ी की अग्नि जलाते हैं और उसकी पूजा करते हैं। खास तौर पर पंजाब में नवविवाहित जोड़ों और शिशु की पहली लोहड़ी धूमधाम से मनाई जाती है। वास्तु के अनुसार इस खास दिन पर जब अग्निदेव और देवी दुर्गा की पूजा करने के साथ लोहड़ी जलाते समय कुछ उपाय करने से दुर्भाग्य दूर होकर सौभाग्य मिलता है। आज हम आपको उन उपायों के बारे में बता रहे हैं. जिनके करने से आप के जीनव के कष्ट दूर हो सकते हैं और आप का जीवन खुशियों सो भर जाएगा।
इस शुभ अवसर पर दुर्गा मां के आगे देसी घी का दीपक जलाएं। साथ ही उन्हें रेवड़ी का भोग लगाएं। इससे आप पर और घर के सदस्यों पर देवी दुर्गा की कृपा बनी रहेगी।
वास्तु के अनुसार, लोहड़ी के दिन कन्याओं को मूंगफली और रेवड़ी जरूर दान करें। इससे जीवन में चल रही परेशानियां दूर होकर सौभाग्य की प्राप्ति होगी।
दान करना सभी कामों में सबसे उत्तम माना जाता है। ऐसे में लोहड़ी के शुभ अवसर पर गरीब, बेसहारा व जरूरतमंदों को कंबल, कपड़े, अन्न व पैसों का दान करें। इससे आपकी आर्थिक स्थिति मजबूत होने में मदद मिलेगी।
मान्यता है कि गाय में समस्त देवी-देवताओं का वास होता है। ऐसे में हिंदू धर्म में इन्हें मां का दर्जा दिला जाता है। ऐसे में इस खास दिन पर गऊ को गुड़ व रेवड़ी खिलाएं। इससे आर्थिक परेशानी दूर होकर आय के नए स्त्रोत बनेंगे।


